· पुष्य नक्षत्र
नक्षत्र 19 · केतु

मूल नक्षत्र: स्वभाव, प्यार, करियर और पाद

मूल जड़ों की खोज और सच की तलाश का नक्षत्र है। इन लोगों में पुरानी बात को छोड़कर नई शुरुआत करने की ताकत होती है।

नक्षत्र

मूल

धनु 0°00′ – 13°20′

स्वामी ग्रह
केतु
देवता
निरृति
मूल नक्षत्र का चित्र

स्वभाव

गहरे, सीधे और खोजी। जब कोई बात ठीक न लगे तो उसकी जड़ तक जाना चाहते हैं; कभी-कभी इससे रिश्ते थक सकते हैं।

जड़ों की खोज, सच की तलाश और पुरानी बात को छोड़ना।

अच्छी बातें

  • सच की तलाश
  • गहराई
  • साहस
  • नई शुरुआत

ध्यान रखें

  • अति-सवाल
  • कड़वाहट
  • जल्दी छोड़ना
  • पुरानी बात खोदना

करियर

रिसर्च, दर्शन, दवा, जाँच और गहरे अध्ययन वाले काम अच्छे रहते हैं। जहाँ सतह से नीचे जाकर सच पता करना हो, वहाँ आप लगते हैं।

रिसर्चदर्शनदवाजाँचअध्ययन

प्यार और रिश्ते

गहरा सच और भरोसा चाहते हैं। साथी को परखने की जगह उस पर भरोसा करना सीखें, वरना प्यार कमज़ोर लगेगा।

सेहत

पेट, कूल्हे और नींद का ध्यान रखें। ज़्यादा सोचने से बचें; लिखना और टहलना मदद करेगा।

चार पाद

नीचे इस नक्षत्र के चारों पाद, उनकी नवांश राशि और एक छोटा संकेत दिया है।

पाद अंश नवांश राशि संकेत
पहला पाद 0°20′ – 3°20′ मेष इस पाद में शुरुआत करने की ऊर्जा और सीधी बात दिखती है।
दूसरा पाद 3°20′ – 6°20′ वृषभ इस पाद में धैर्य, व्यवस्था और लंबे समय तक टिकने की आदत दिखती है।
तीसरा पाद 6°20′ – 9°20′ मिथुन इस पाद में सीखने, बातचीत और नए विचारों की उत्सुकता दिखती है।
चौथा पाद 9°20′ – 12°20′ कर्क इस पाद में भावना, देखभाल और लोगों से जुड़ने की समझ दिखती है।

परंपरा में सुझाया उपाय

केतु के लिए मंगलवार या शनिवार को मूँग दान करना परंपरा में बताया गया है।

यह परंपरा में बताया गया उपाय है। इसे श्रद्धा और सुविधा से करें; किसी डर या दबाव से नहीं।

मेल

परंपरा में एक ही गण और अलग नाड़ी वाले नक्षत्रों का मेल सहज माना जाता है। नीचे कुछ नक्षत्र दिए हैं; पूरा मिलान दोनों कुंडलियों से देखें।

गुण मिलान टूल खोलें

आम सवाल

आम सवाल

मूल नक्षत्र वालों का स्वभाव कैसा होता है?

गहरे, सीधे और खोजी। जब कोई बात ठीक न लगे तो उसकी जड़ तक जाना चाहते हैं; कभी-कभी इससे रिश्ते थक सकते हैं।

मूल नक्षत्र का स्वामी ग्रह कौन है?

मूल नक्षत्र का स्वामी ग्रह केतु है और इसके देवता निरृति हैं। इसका प्रतीक बँधी जड़ें है।

अपना जन्म नक्षत्र कैसे पता करें?

जन्म तिथि, सही जन्म समय और शहर से चंद्रमा की स्थिति निकालें। उसी से नक्षत्र और पाद मिलता है। हमारा नक्षत्र खोजें टूल यह काम ब्राउज़र में करता है।

क्या मूल नक्षत्र के बारे में डरने की कोई बात है?

नहीं। हर नक्षत्र में अच्छी और मेहनत वाली दोनों बातें होती हैं। इसे स्वभाव समझने का संकेत मानें, किसी डर या पक्के भविष्यफल की तरह नहीं।

स्रोत और आधार:

पंचांग और ग्रहों की गणना सामान्य खगोलीय सूत्रों से होती है। ज्योतिषीय अर्थ परंपरा से हैं। बड़े फैसलों के लिए विशेषज्ञ से सलाह लें।

गणना का तरीका
मुफ़्त और आसान

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